124
Q.S अस-सफ्त (37:124)
اِذْ قَالَ لِقَوْمِهٖٓ اَلَا تَتَّقُوْنَ
iż qāla liqaumihī alā tattaqūn(a).
(याद करू) जखन ओ अपन लोक सभ सँ कहलनि, “अहाँ सभ पुण्यात्मा किएक नहि छी?
125
Q.S अस-सफ्त (37:125)
اَتَدْعُوْنَ بَعْلًا وَّتَذَرُوْنَ اَحْسَنَ الْخٰلِقِيْنَۙ
atad‘ūna ba‘law wa tażarūna aḥsanal-khāliqīn(a).
की अहाँ बाल के इबादत करी आ (अल्लाह) के श्रेष्ठ सृष्टिकर्ता के छोड़ि दियौक?
126
Q.S अस-सफ्त (37:126)
اللّٰهَ رَبَّكُمْ وَرَبَّ اٰبَاۤىِٕكُمُ الْاَوَّلِيْنَ
allāha rabbakum wa rabba ābā'ikumul-awwalīn(a).
(अर्थात) अल्लाह अहाँक प्रभु छथि आ अहाँक पूर्व पूर्वजक प्रभु छथि?”